30 वर्ष से अधूरे मार्ग के हिस्से को पीडब्ल्यूडी द्वारा किया जा रहा पूर्ण, लोगों को होगी सुविधा
BETUL NEWS/मुलताई। बिरूल बाजार मार्ग पर मंगलवार प्रशासनिक अमले ने मार्ग के लिए की गई अधिग्रहित भूमि का अतिक्रमण हटाया जिसके बाद मार्ग का निर्माण प्रारंभ किया जाएगा। उक्त मार्ग वर्षों से अधूरा होने से अब प्रशासन द्वारा सख्त कदम उठाते हुए पूरे दल बल के साथ मौके पर जाकर अतिक्रमण हटाया गया। इस दौरान तहसीलदार संजय बरैया, पीडब्ल्यूडी एसडीओ सुनील सोलंकी, उपयंत्री डीआर करमकार, थाना प्रभारी नरेन्द्र सिंह परिहार सहित बड़ी संख्या में प्रशासनिक अमला मौजूद रहा। प्रशासन द्वारा जगह का पुनः सीमांकन करके पंचनामा बनाया गया जिसमें अधिकांश किसानों ने अधिग्रहित भूमि पर फसल बोई गई थी लेकिन प्रशासन की सख्ती के आगे सभी किसानों ने अतिक्रमण हटाने की सहमति पंचनामें पर हस्ताक्षर करके दी गई। पीडब्ल्यूडी के उपयंत्री डीआर करमकार ने बताया कि मुलताई से बिरूल बाजार मार्ग पर लगभग 30 वर्षों से अधिक समय से लगभग 500 मीटर का हिस्सा विवादित रहने से मार्ग का निर्माण नही हो रहा था जिससे आधा किलोमीटर के इस कच्चे मार्ग से लोगों को आवागमन में परेशानी होती थी। विशेष रूप से बारिश में उक्त हिस्से में कीचड़ एवं दलदल निर्मित होने से वाहन फंसते थे। लेकिन अब प्रशासन द्वारा मार्ग का निर्माण किया जा रहा है जिसमें उक्त हिस्से पर भी सड़क का निर्माण किया जा रहा है जिसके लिए पूर्व से ही किसानों की जमीन अधिग्रहित कर ली गई थी लेकिन किसानों ने मुआवजा लेने के बावजूद फसल बोई थी जिसे अब हटाया जा रहा है जिसके बाद सड़क का निर्माण किया जाएगा।

- लगभग 30 वर्षों से अधूरा है आधा किलोमीटर का मार्ग
मुलताई से बिरूल बाजार मार्ग पर ग्राम करजगांव के पास लगभग आधा किलोमीटर का हिस्सा एक किसान की आपत्ति के कारण लगभग 30 वर्षों से अधूरा पड़ा रहा। बताया जा रहा है कि किसान द्वारा न्यायालय की शरण ली गई थी जिससे स्टे के कारण मार्ग का निर्माण नही हो सका। इसके बाद अब मामले का हल निकलने के बाद उक्त अधूरे हिस्से पर भी मार्ग का निर्माण किया जाएगा जिससे आवागमन करने वाले लोगों को सुविधा मिलेगी। बताया जा रहा है कि आपत्तिकर्ता किसान की मृत्यु होने के बाद उनके परिवार जनों द्वारा मार्ग निर्माण की सहमति के बाद मार्ग का निर्माण किया जा रहा है।
Betul Samachar: महतपुर भव्य अनुशासित रूप से ऐतिहासिक हिन्दू सम्मेलन संपन्न
- बारिश में फंसते थे वाहन
बिरूल बाजार गोभी उत्पादक क्षेत्र होने के कारण लगातार मालवाहक वाहनों का आवागमन लगा रहता है। करजगांव के पास आधा किलोमीटर का हिस्सा कच्चा रहने से लोडेड वाहन बारिश के दौरान फंस जाते थे जिससे वाहन चालकों को भारी मशक्कत करना पड़ता था। बारिश के दौरान कई बार गोभी से भरे ट्रक भी फंसने से उक्त मार्ग से आवागमन करने में भारी परेशानी होती थी। भारी वाहनों के आवागमन से उक्त हिस्सा पूरी तरह कीचड़ में तब्दील हो जाता था जिससे दो पहिया वाहन चालक उक्त मार्ग से गुजर नही सकते थे। कई बार दो पहिया वाहन चालक कीचड़ में फंसकर दुर्घटना ग्रस्त हुए हैं जिससे आधा किलोमीटर स्टार्स के निर्माण की लंबे समय से मांग ग्रामीणों द्वारा की जा रही थी।

