भैंसदेही: किसान की सहमति बिना खेतों में डाले डीपी पोल, सड़क चौड़ीकरण से बढ़ा विवाद

By betultalk.com

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Betul Ki Khabar/भैंसदेही/मनीष राठौर :- भैंसदेही शहर में सौंदर्यीकरण योजना के तहत सड़क चौड़ीकरण का कार्य जोरों पर है। इस प्रक्रिया में बिजली विभाग के पोल, डीपी और 11 केवी लाइनें सड़क किनारे से हटाकर शिफ्ट की जा रही हैं। लेकिन भूमिस्वामियों की लिखित अनुमति लिए बिना उनके निजी खेतों में खंभे गाड़े जा रहे हैं, जिससे ठेकेदारों और किसानों के बीच तनाव बढ़ गया है। आम जनता को बिजली कटौती और परेशानी का सामना करना पड़ रहा है, जबकि नगर परिषद व विद्युत विभाग के अधिकारी इसकी अनदेखी कर रहे हैं।

शिफ्टिंग का विवादास्पद तरीका
सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, विद्युत मंडल ने पोल शिफ्टिंग के लिए विस्तृत एस्टीमेट तैयार कर नगर परिषद को सौंपा। इसी के आधार पर ठेकेदार कार्य कर रहे हैं। वार्ड नंबर 13 के एक किसान की जमीन इसका प्रमुख उदाहरण है। यहां सड़क किनारे पहले से लगी डीपी को शिफ्ट करते हुए उनके खेत के बीचों-बीच 11 केवी लाइन का नया पोल और डीपी गाड़ दिया गया। किसान ने साफ मना किया, लेकिन ठेकेदार ने जवाब दिया, “नगर परिषद का एस्टीमेट है, हम उसी अनुसार काम कर रहे। आप अधिकारियों से बात करें।” इससे खेत की फसल को नुकसान पहुंचा और किसान का खेती कार्य प्रभावित हुआ। शहर के अन्य इलाकों में भी 4-5 जगहों पर समान शिकायतें दर्ज हैं, जहां बिना सर्वे या अनुमति के पोल शिफ्ट हो रहे हैं।

नागरिकों की परेशानी
इस शिफ्टिंग से स्थानीय निवासियों को बिजली की अनियमित आपूर्ति, सड़क पर धूल-मिट्टी और यातायात जाम जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। एक निवासी ने बताया, “कार्य तेजी से पूरा करने के चक्कर में नियमों की अनदेखी हो रही है। किसानों का नुकसान कौन भरेगा?” विवाद बढ़ने पर पुलिस बुलानी पड़ रही है।

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अधिकारियों के बयान,,,,,,

कारू सिंह, प्रभारी सीएमओ, नगर परिषद: “मेरे संज्ञान में यह मामला नहीं है। मैं तुरंत जांच करवाता हूं।”

सुमित गायकवाड, इंजीनियर, नगर परिषद

भैंसदेही: “किसान से अनुमति ली गई थी। एस्टीमेट के अनुसार ही सब हो रहा है। फिर भी मैं साइट देखता हूं।”

दीपक सोलंकी, अधिकारी,

विद्युत मंडल: “नगर परिषद ने एस्टीमेट मांगा था, हमने तैयार कर दिया। आगे की जिम्मेदारी उनकी है।”

निवासी अब कलेक्टर कार्यालय पहुंचने की योजना बना रहे हैं। नगर परिषद ने कहा है कि जल्द ही समस्याओं का समाधान किया जाएगा।

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